
# मैथिल ब्राह्मण महासम्मेलन में आदर्श सामूहिक विवाह समारोह संपन्न मथुरा: अखिल भारतीय श्री बृजस्थ मैथिल ब्राह्मण महासम्मेलन आगरा की शाखा सभा मथुरा के तत्वावधान में विगत वर्षों की भांति अधिवेशन एवं आदर्श सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन मोती कुंज रोड स्थित राधे मोहन ग्रीनन्स गेस्ट हाउस पर आयोजित किया गया। __हवन पूजन से हुआ शुभारंभ__ कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल हवन पूजन के साथ शुरू हुआ, जिसमें शाखा सभा एवं मंदिर समिति के सभी सदस्य पदाधिकारी ने भाग लिया। हवन के बाद अधिवेशन का शुभारंभ देव प्रतिमाओं के समक्ष मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर किया गया। __अतिथियों का स्वागत__ शुभारंभ के बाद स्वागत अध्यक्ष ने मंच पर उपस्थित अतिथियों और बाहर से आए हुए सभी अतिथियों का दुपट्टा एवं स्मृति चिन्ह देकर स्वागत किया। मुख्य अतिथि का स्वागत पंडित हीरालाल शर्मा एवं के एस शर्मा ने संयुक्त रूप से किया। बाहर से आए हुए अतिथियों में बिहारी लाल वशिष्ठ, रामगोपाल शर्मा, अलीगढ़ से बीएल शर्मा, केडी शर्मा, बाल किशन दीक्षित, राजेश शर्मा, पंडित अखिलेश गौड़, दिल्ली से पधारे उदयवीर शर्मा, सुधीर शर्मा आदि विशिष्ट अतिथियों का स्वागत अधिकारी एवं सदस्यों ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रेमचंद मिश्रा ने की। __मेधावी छात्रों का सम्मान__ स्वागत समारोह के उपरांत मेधावी छात्र-छात्राओं एवं समाज की अग्रणी विभूतियों का शाखा सभा एवं मंदिर समिति के सदस्य एवं पदाधिकारी ने सम्मानित किया। __सामाजिक मुद्दों पर चर्चा__ अधिवेशन के दौरान बाहर से आए हुए अतिथियों द्वारा समाज के उत्थान के लिए कई सामाजिक समस्याओं पर अपने-अपने विचार व्यक्त किए। __मुख्य अतिथि का उद्बोधन__ कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सनातन शास्त्रों के प्रवक्ता, वेदाचार्य एवं राम मंदिर भूमि पूजन के मुख्य पुरोहित श्री गंगाधर पाठक मैथिल ने कहा, "हम सभी ब्राह्मणों को एक साथ रहना पड़ेगा, जिससे बाहर का कोई भी व्यक्ति हमारे सनातन धर्म को तोड़ ना सके। हम सभी ब्राह्मणों को ध्यान रखना चाहिए कि कन्यादान हमेशा शुभ मुहूर्त में करें, जिससे आने वाली संतानें सुशील एवं सुंदर होंगी। संगठन के विकास पर भी आपस में बैठकर चर्चा करनी चाहिए। विवाह अपने ही वर्ण में करें, जिससे सनातन धर्म को बचाया जा सके।" __राष्ट्रीय अध्यक्ष का संबोधन__ मुख्य अतिथि के उद्बोधन के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित हीरालाल शर्मा ने अपने उद्बोधन में कहा, "दहेज के मकड़जाल से समाज को बचाना चाहिए। दहेज एक अभिशाप है। सामूहिक जनेऊ संस्कार होने चाहिए।" __धन्यवाद ज्ञापन__ अधिवेशन के अंत में धन्यवाद ज्ञापन राष्ट्रीय सचिव पंडित के एस शर्मा ने किया। उन्होंने बाहर से आए सभी लोगों और समाज के सभी महानुभावों का और शाखा सभा एवं मंदिर समिति के सदस्य एवं पदाधिकारियों का इस विशाल कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया। __सामूहिक विवाह संपन्न__ अधिवेशन कार्यक्रम के उपरांत आदर्श सामूहिक विवाह समारोह में चार नव विवाहित जोड़ों का विवाह संस्कार संपन्न हुआ। बारात का स्वागत सभी सदस्यों ने जोर-शोर से किया। इसके बाद वरमाला का कार्यक्रम आयोजित हुआ। अतिथियों द्वारा सभी वर-कन्याओं को आशीर्वाद देकर उनके उज्जवल भविष्य की कामना की। __उपस्थित गणमान्य व्यक्ति__ कार्यक्रम में मुख्य रूप से शाखा सभा की कार्यकारी अध्यक्ष श्रीमती सुशीला पाठक, श्रीमती सरोज शर्मा, विमला शर्मा, रश्मि मिश्रा, डॉक्टर आशीष मिश्रा, अजय शर्मा, चंद्र प्रकाश मिश्रा, सुरेश चंद शर्मा व्यास, वेद प्रकाश शर्मा, आरपी मिश्रा, राजेश शर्मा, हरिओम शर्मा, गया प्रसाद शर्मा, नेमचंद शर्मा, बेणीराम, केशव देव पाठक, दीनदयाल शर्मा, श्याम सुंदर शर्मा, कैलाश चंद शर्मा, मानिकचंद शर्मा, संतोष शर्मा, वीरेंद्र शर्मा, महेश चंद शर्मा, सोहन शर्मा, तपेश शर्मा, सत्य प्रकाश शर्मा, सचिन, सतीश चंद्र मिश्रा, मुकेश शर्मा, के के शर्मा, बबलू (मीडिया प्रभारी) आदि उपस्थित रहे।
